
असम पेट्रोकेमिकल्स लिमिटेड और बीएचईएल (BHEL) के साथ कुछ अन्य कंपनियां मेथनाल का सीमित मात्रा में उत्पादन शुरू कर चुकी है। नीति आयोग का मानना है कि मेथनाल अर्थव्यवस्था के विकास से इसके उत्पादन, वितरण व संबंधित सेवाओं से 50 लाख प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार का भी सृजन होगा। मेथनाल उत्पादन के दौरान निकलने वाली डाई-मिथाइल एथर (डीएमई) को 20 प्रतिशत तक एलपीजी में मिलाने से प्रति एलपीजी सिलेंडर उपभोक्ता को 50-100 रुपए तक कम दाम पर मिल सकते हैं।